
अल्मोड़ा- जन जन की सरकार–जन जन के द्वार कार्यक्रम के अंतर्गत विकासखंड हवालबाग की न्याय पंचायत क्याला में सोमवार को एक भव्य बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर की अध्यक्षता दर्जा राज्य मंत्री शंकर कोरंगा ने की। शिविर का मुख्य उद्देश्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को सीधे आम जनता तक पहुँचाना और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना रहा।
कार्यक्रम के दौरान मंत्री शंकर कोरंगा ने शिविर में पहुँचे ग्रामीणों की समस्याओं और शिकायतों को गंभीरता से सुना। उन्होंने प्रत्येक शिकायत को ध्यानपूर्वक समझते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को मौके पर ही स्पष्ट निर्देश दिए कि जनसमस्याओं का निस्तारण समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण ढंग से किया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता यही है कि आमजन को अपनी छोटी-बड़ी समस्याओं के समाधान के लिए जिला या ब्लॉक कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, बल्कि प्रशासन स्वयं जनता के द्वार तक पहुँचे।
दर्जा राज्य मंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य सरकार जनहित को सर्वोपरि रखते हुए योजनाओं का संचालन कर रही है। जन जन की सरकार–जन जन के द्वार कार्यक्रम इसी सोच का परिणाम है, जिसके माध्यम से शासन और प्रशासन के बीच की दूरी को कम किया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों से अपील की कि वे जनता के साथ संवेदनशील व्यवहार रखें और यह सुनिश्चित करें कि कोई भी पात्र व्यक्ति योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे।
शिविर के दौरान विभिन्न विभागों द्वारा मौके पर ही सेवाएं प्रदान की गईं। राजस्व विभाग द्वारा भूमि, जाति, आय और निवास प्रमाण पत्र से संबंधित मामलों का निस्तारण किया गया। समाज कल्याण विभाग ने पेंशन योजनाओं, छात्रवृत्तियों और अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की जानकारी देते हुए पात्र लाभार्थियों के आवेदन स्वीकार किए। स्वास्थ्य विभाग की ओर से निःशुल्क स्वास्थ्य जांच, परामर्श एवं दवाओं का वितरण किया गया, जिससे ग्रामीणों को बड़ी राहत मिली।
कृषि विभाग द्वारा किसानों को उन्नत बीज, कृषि योजनाओं की जानकारी तथा तकनीकी परामर्श उपलब्ध कराया गया। आपूर्ति विभाग ने राशन कार्ड, खाद्य सुरक्षा योजनाओं और वितरण से संबंधित समस्याओं का समाधान किया। श्रम विभाग द्वारा श्रमिक पंजीकरण, श्रम योजनाओं और बीमा सुविधाओं की जानकारी दी गई। इसके अतिरिक्त अन्य विभागों द्वारा भी अपनी-अपनी योजनाओं से संबंधित सेवाएं प्रदान की गईं।
शिविर में कुल 313 लोगों को प्रत्यक्ष रूप से विभिन्न सेवाओं और योजनाओं का लाभ मिला। मौके पर ही समस्याओं के समाधान से ग्रामीणों में प्रशासन के प्रति विश्वास और संतोष का भाव देखने को मिला। कई लोगों ने कहा कि पहली बार उन्हें एक ही स्थान पर इतने विभागों की सेवाएं प्राप्त हुईं, जिससे समय और धन दोनों की बचत हुई।
इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में क्षेत्रीय ग्रामीण उपस्थित रहे। जनप्रतिनिधियों ने भी इस प्रकार के शिविरों को ग्रामीण क्षेत्रों के लिए अत्यंत उपयोगी बताया और भविष्य में भी ऐसे आयोजनों की निरंतरता पर बल दिया।
कार्यक्रम के सफल आयोजन पर क्षेत्रीय जनता ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए राज्य सरकार और प्रशासन का आभार जताया। लोगों का कहना था कि इस तरह के बहुउद्देशीय शिविर न केवल समस्याओं के समाधान में सहायक हैं, बल्कि सरकार और जनता के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का प्रभावी माध्यम भी हैं। कार्यक्रम के समापन पर अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि जिन मामलों का निस्तारण मौके पर संभव नहीं हो पाया है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा किया जाए, ताकि जनता को वास्तविक लाभ मिल सके।