
अल्मोड़ा: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर घोडके के निर्देशानुसार जनपद के समस्त थाना क्षेत्रों में ऑपरेशन प्रहार के तहत विशेष सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बाहरी मजदूरों, फड़-फेरी लगाने वालों और किरायेदारों का विवरण सत्यापित करना है। पुलिस द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में सघन चेकिंग कर सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ किया जा रहा है।
अपर पुलिस अधीक्षक हरबन्स सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी बलवंत सिंह रावत के पर्यवेक्षण में महिला कोतवाली एवं एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग प्रभारी निरीक्षक जानकी भंडारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने अल्मोड़ा के विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण किया। 8 मई 2026 को टीम ने क्षेत्र में स्थित सशुल्क अतिथि गृहों यानी पीजी में जाकर वहां निवास कर रहे लोगों से पूछताछ की और आवश्यक जानकारी जुटाई।
इस दौरान पीजी संचालकों को कड़े दिशा-निर्देश देते हुए वहां रहने वाले सभी व्यक्तियों का शत-प्रतिशत पुलिस सत्यापन सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया। पुलिस ने स्पष्ट किया कि सुरक्षा मानकों का पालन करना अनिवार्य है और सभी का विवरण पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज होना चाहिए।
इसके साथ ही स्कूल आने-जाने वाले बच्चों की सुरक्षा के दृष्टिगत पुलिस टीम द्वारा जागरूकता अभियान भी चलाया गया। इस दौरान नागरिकों को प्रेरित किया गया कि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर तत्काल पुलिस हेल्पलाइन नंबर 112 पर सूचना प्रदान करें। टीम ने बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय लोगों से सहयोग की अपील की।
जागरूकता कार्यक्रम के अंतर्गत पुलिस टीम ने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930, मानव तस्करी, ऑनलाइन गेमिंग के दुष्प्रभावों और महिला सुरक्षा के लिए संचालित गौरा शक्ति अभियान के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। नागरिकों को विभिन्न सुरक्षा सेवाओं और उनके उपयोग के बारे में जागरूक किया गया ताकि वे किसी भी विषम परिस्थिति में पुलिस की सहायता ले सकें।