
बागेश्वर: जनपद में संभावित प्राकृतिक और मानवजनित आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने की तैयारियों का आकलन करने के लिए एक महत्वपूर्ण आपदा प्रबंधन मॉक ड्रिल प्रस्तावित है। यह अभ्यास 17 मार्च 2026 को जनपद स्तर पर आयोजित किया जाएगा। इस मॉक ड्रिल का आयोजन जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) के समन्वय से किया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य विभिन्न विभागों की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमताओं और उनके आपसी समन्वय का गहन परीक्षण करना है।
मॉक ड्रिल की तैयारियों का जायजा लेने के लिए अपर जिलाधिकारी एन एस नबियाल ने जिला सभागार कक्ष में एक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा की गई, जिसके उपरांत सभी विभागों को उनके विशिष्ट दायित्व सौंपे गए। अपर जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अभ्यास के दौरान सभी विभाग पूर्ण आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। ऐसा करने का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आपदा की वास्तविक स्थिति में राहत और बचाव कार्य अत्यंत प्रभावी ढंग से संचालित किए जा सकें।
बैठक में जानकारी दी गई कि इस मॉक ड्रिल के अंतर्गत कई संभावित आपदा परिस्थितियों पर अभ्यास केंद्रित रहेगा। इनमें भूकंप, भूस्खलन, अतिवृष्टि या फ्लैश फ्लड, वनाग्नि और मानव-वन्यजीव संघर्ष जैसी स्थितियाँ शामिल हैं। इन काल्पनिक परिदृश्यों के आधार पर विभिन्न चयनित स्थानों पर राहत एवं बचाव कार्यों का अभ्यास किया जाएगा। अभ्यास के दौरान, संबंधित विभागों की टीमें निर्धारित स्थलों पर पहुँचकर बचाव कार्य करेंगी, घायलों को सुरक्षित निकालने का प्रदर्शन करेंगी, प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराएंगी और यातायात प्रबंधन सहित अन्य सभी आवश्यक व्यवस्थाओं का अभ्यास करेंगी।
अपर जिलाधिकारी ने मॉक ड्रिल के मुख्य उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इस प्रकार के अभ्यास का प्राथमिक लक्ष्य आपदा के समय त्वरित सूचना के आदान-प्रदान को सुनिश्चित करना, उपलब्ध संसाधनों का समुचित और प्रभावी उपयोग करना तथा विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना है। इसके अतिरिक्त, इस ड्रिल के माध्यम से आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों और कर्मचारियों की समग्र कार्यकुशलता और दक्षता को और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा।
इस महत्वपूर्ण बैठक में कई अधिकारीगण उपस्थित रहे। इनमें एआरटीओ अमित कुमार, जिला विकास अधिकारी संगीता आर्या, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी शिखा सुयाल और अन्य संबंधित अधिकारी शामिल थे। जनपद की विभिन्न तहसीलों के उपजिलाधिकारियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) के माध्यम से बैठक में अपनी भागीदारी सुनिश्चित की।
बैठक के समापन पर, सभी उपस्थित विभागों को यह निर्देश दिए गए कि वे मॉक ड्रिल के सफल संचालन हेतु आवश्यक सभी तैयारियों को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करें। साथ ही, निर्धारित कार्य योजना के अनुसार समन्वित और एकजुट होकर कार्य करने पर भी बल दिया गया।