
चम्पावत: जनपद में ग्रीष्म ऋतु और संभावित हीट वेव के दृष्टिगत समुचित तैयारियों को सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी मनीष कुमार की अध्यक्षता में जिला सभागार में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया और अपने-अपने विभागों द्वारा की जा रही तैयारियों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की।
जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि अप्रैल से जून माह के मध्य संभावित तापमान वृद्धि को ध्यान में रखते हुए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय रहते सुनिश्चित कर ली जाएं, ताकि आमजन को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि जनस्वास्थ्य सर्वोपरि है और इस दिशा में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक में अवगत कराया गया कि इस वर्ष जनपद में सामान्य से अधिक तापमान रहने का अनुमान है, हालांकि वर्तमान आकलन के अनुसार हीट वेव की संभावना कम है। इसके बावजूद जिलाधिकारी ने सभी विभागों को सतर्कता बरतने और अग्रिम तैयारियां पूर्ण रखने के निर्देश दिए।
स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया गया कि अस्पतालों में हीट वेव से संबंधित उपचार की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और आवश्यक दवाइयों का पर्याप्त भंडारण रखा जाए। साथ ही चिकित्सा कार्मिकों को सतर्क एवं प्रशिक्षित रखने पर जोर दिया गया। सभी निर्माण स्थलों, रेलवे स्टेशन, बस स्टेशन तथा अन्य सार्वजनिक स्थलों पर छायादार शेड एवं शुद्ध पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए गए हैं।
पेयजल विभाग को निर्देशित किया गया कि पेयजल आपूर्ति निर्बाध रूप से संचालित रहे और किसी भी क्षेत्र में जल संकट उत्पन्न न होने पाए। कृषि विभाग को किसानों को जागरूक करने एवं फसलों पर तापमान के प्रभाव से बचाव हेतु आवश्यक तकनीकी सलाह जारी करने के निर्देश दिए गए। वन विभाग को ग्रीष्मकाल के दौरान वनाग्नि की घटनाओं की रोकथाम हेतु विशेष सतर्कता बरतने, फायर लाइन बनाने, निगरानी बढ़ाने तथा त्वरित प्रतिक्रिया दलों को सक्रिय रखने के लिए कहा गया।
ऊर्जा विभाग को निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने तथा ओवरलोडिंग की समस्या से निपटने हेतु आवश्यक प्रबंध करने के निर्देश दिए गए। शिक्षा विभाग को विद्यालयों में विद्यार्थियों को गर्मी से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक करने के लिए कहा गया है। जिलाधिकारी ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने तथा किसी भी आपात स्थिति में त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इस समीक्षा बैठक के दौरान अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी देवेश चौहान, जिला विकास अधिकारी दिनेश सिंह दिगारी, एसडीओ वन विभाग सुनील कुमार, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेंद्र पटवाल, मुख्य शिक्षा अधिकारी मान सिंह, मुख्य पशुचिकित्सा अधिकारी वसुंधरा गर्ब्याल समेत अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।